خوشخبری! مدنی دنیا کی شاندار ایپ لانچ ہو چکی ہے۔ ابھی ڈاؤنلوڈ کریں!

Kya tarawih ki namaz Beth ke padh sakte he

क्या तरावीह की नमाज़ बैठकर पढ़ सकते हैं? Kya tarawih ki namaz Beth ke padh sakte he फतावा,فتاویٰ،دار الافتاء اہلسنت،

 

क्या तरावीह की नमाज़ बैठकर पढ़ सकते हैं? Kya tarawih ki namaz Beth ke padh sakte he फतावा,فتاویٰ،دار الافتاء اہلسنت،,

सवाल:

क्या फरमाते हैं उलेमा-ए-किराम इस मसले के बारे में कि "मकतबा-ए-मदीना" की प्रकाशित की गई किताब "फैज़ान-ए-रमज़ान" पेज नंबर 175 पर पॉइंट नंबर 11 में लिखा है:
"बिला उज्र तरावीह बैठकर पढ़ना मकरूह है... अलख"
इस पर मेरा सवाल यह है कि यहाँ "मकरूह" से मुराद मकरूहे तहरीमी है या मकरूहे तन्जीही? रहनुमाई फरमा दें।

بِسْمِ اللہِ الرَّحْمٰنِ الرَّحِیْمِ

اَلْجَوَابُ بِعَوْنِ الْمَلِکِ الْوَھَّابِ اَللّٰھُمَّ ھِدَایَۃَ الْحَقِّ وَالصَّوَابِ

फुक़हा-ए-किराम का इस बात पर इत्तिफ़ाक़ है कि तरावीह की नमाज़ बिना किसी उज्र के बैठकर पढ़ना खिलाफे मुस्तहब है, लिहाजा पूछी गई सूरत में यहाँ "मकरूह" से मुराद मकरूहे तन्जीही व खिलाफे मुस्तहब है।

अलबत्ता यह मसला ज़ेहन नशीं रहे कि सही कौल के मुताबिक़ अगरचे बगैर किसी उज्र के तरावीह की नमाज़ बैठकर पढ़ने से भी अदा हो जाएगी, लेकिन इस सूरत में खड़े होकर नमाज़ पढ़ने वाले के मुकाबले में आधा सवाब मिलेगा। लिहाजा अगर कोई उज्र न हो तो पूरी कोशिश यही होनी चाहिए कि तरावीह की नमाज़ खड़े होकर ही अदा की जाए ताकि पूरा सवाब हासिल हो।

(رَدُّ الْمُحْتَار مَعَ دُرِّ الْمُخْتَار، 2/603، بَہارِ شَرِيعَت، 1/693 مُلَخَّصًا)

واللہُ اَعْلَمُ عَزَّوَجَلَّ وَرَسُوْلُہ اَعْلَم صَلَّی اللّٰہُ تَعَالٰی عَلَیْہِ وَاٰلِہٖ وَسَلَّم

ایک تبصرہ شائع کریں

Cookie Consent
We serve cookies on this site to analyze traffic, remember your preferences, and optimize your experience.
NextGen Digital واٹس ایپ چیٹ پر آپ کو خوش آمدید
السلام علیکم ہم آپ کی کیا مدد کرسکتے ہئں؟?
Type here...